चंदौली में भ्रष्टाचार की इंतहा,सकलडीहा विकासखंड बना भ्रष्टाचार का अड्डा, अधिकारी जवाब देने से काट रहे कन्नी…!

Estimated read time 1 min read
Spread the love

ओ पी श्रीवास्तव
चंदौली/संसद वाणी: सच ही कहा है किसी ने कालिख को पोंछने की कोशिश में खुद के हाथ काले होने से नहीं बचते। यह कहावत अति पिछड़े जनपद चंदौली के लिए सटीक बैठता है, कितनी भी सरकार जनपद की दिशा – दशा सुधारने की कवायद में लगा ले, लेकिन सत्ता पक्ष के प्रतिनिधियों की मिलीभगत का ही देन है की अतिपिछड़े का काला दंश बरकरार है। बता दें कि कुछ लोगों को बातें नागवार लगे लेकिन एक स्लोगन इस समय मीडिया की सुर्खियों में है कि ‘ यूपी मीडिया से सच गायब है ‘ इसका कारण मात्र इतना है कि सच पचता नहीं लोग सच सुनकर सिर्फ दांतों तले अंगुली डाल, गांधी जी के बंदर बन जाते हैं। इन्हीं करतूतों की बानगी सकलडीहा विकासखंड में देखी जा सकती है। जहां क्षेत्र पंचायत प्रमुख के पुत्र के फर्म शुभम इलेक्ट्रानिक को विकासखंड के कई ग्रामों द्वारा किए गए भुगतान का मामला सामने आया है। जबकि शासनादेश है कि पंचायती राज विभाग से जुड़े किसी भी जनप्रतिनिधि या लोक सेवक के रिश्तेदारों को फर्म से वेंडर के रूप में कार्य नहीं लिया जाएगा। लेकिन तमाम नियमों की अवहेलना कर चंदौली के विकासखंड सकलडीहा में क्षेत्र पंचायत प्रमुख के पुत्र के नाम से रजिस्टर्ड फर्म शुभम इलेक्ट्रानिक द्वारा लाखों का व्यवसाय सामने आया है। अतिपिछड़े जनपद में भ्रष्टाचार और शासनदेश के नियमों की धज्जियां उड़ाने के कार्य की बखिया उधेड़ने का श्री गणेश सोशल एक्टिविस्ट दीपांशु सिंह द्वारा किया गया। प्रेस वार्ता का आयोजन कर दीपांशु सिंह ने आरोप लगाते हुए बताया कि सरकार द्वारा ग्रामीण इलाकों की दशा – दिशा सुधारने की कवायद में चलाई जा रही योजनाएं और शासनादेश के नियमों की धज्जियां उड़ाने का कार्य क्षेत्र पंचायत प्रमुख की मिलीभगत से फल फूल रहा है। हालांकि इस दौरान उन्होंने बताया कि क्षेत्र पंचायत प्रमुख के पुत्र के नाम रजिस्टर्ड फर्म के द्वारा किए गए भुगतान की जांच हेतु मुख्यमंत्री शिकायत निवारण प्रणाली पर दर्ज कराकर जांच की मांग की है।


जानकारी के अनुसार सकलडीहा विकासखंड के अमावल, बसारीकपुर, नरैना,दरियापुर, धनउर, सकलडीहा, जमुनीपुर सहित अन्य कई ग्राम पंचायतों में क्षेत्र पंचायत प्रमुख के पुत्र के नाम से रजिस्टर्ड शुभम इलेक्ट्रानिक फर्म द्वारा दोयम दर्जे की सामाग्रियों का वितरण कर लाखों का भुगतान कराने का मामला सामने आया है। जो कि बिना टेंडर के संभव नहीं है।
दीपेश सिंह की ने बताया कि सकलडीहा विकासखंड में भ्रष्टाचार की इंतहा है। शुभम इलेक्ट्रानिक फर्म की करतूतों ने इस बात की पुष्टि कर दी है कि क्षेत्र पंचायत प्रमुख ने अपने पद का दुरुपयोग किया है। जिससे इन ग्राम पंचायतों के सचिव व प्रधानों द्वारा नियम के विरुद्ध भुगतान क्षेत्र पंचायत प्रमुख के पुत्र के फर्म को किया गया है। इस दौरान सोशल एक्टिविस्ट दीपेश सिंह ने मामले की जांच कर दोषियों को दंडित करने एवं उक्त समस्त अनियमित भुगतान के वसूली भी सुनिश्चित करने की मांग की है। हालांकि इस बाबत जब सकलडीहा विकासखंड के सक्षम और संबंधित अधिकारियों से संसदवाणी न्यूज के जिला संवाददाता ने फोनवार्ता पर जानकारी लेनी चाही तो उन्होंने मामले में कुछ बोलने की बजाए सीधे कन्नी काटते नजर आए।

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours