उत्तर प्रदेश, 25–26 फरवरी 2026 — उत्तर प्रदेश में कांग्रेस पार्टी का विरोध प्रदर्शन कई जिलों और कस्बों में लगातार जारी है। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ गहन विरोध जताया और कई अहम मुद्दों पर नाराज़गी व्यक्त की।
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के समर्थन में प्रदर्शन
आज मुरादाबाद में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के समर्थन में कलेक्ट्रेट पर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम एक ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा, जिसमें उन्होंने अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ दर्ज एफआईआर की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग की। कांग्रेस ने दावा किया कि मौनी अमावस्या के दिन शंकराचार्य और उनके शिष्यों के साथ अनुचित व्यवहार और अवहेलना की गई।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यदि निष्पक्ष जांच नहीं होती है तो वे लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन तेज करेंगे। संदेश के दौरान कार्यकर्ताओं ने शंख बजाकर विरोध जताया तथा सरकार की धार्मिक स्वतंत्रता पर कथित हस्तक्षेप की आलोचना की।
लखनऊ में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन
राजधानी लखनऊ में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला कलेक्ट्रेट और विधानसभा के आसपास प्रदर्शन किया। पार्टी नेताओं ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार पर आरोप लगाया कि वह धार्मिक आस्था और सामाजिक मूल्यों पर हमला कर रही है और सरकारी एजेंसियों के दुरुपयोग को रोकने में विफल रही है।
कांग्रेस नेतृत्व का दावा है कि प्रदर्शन प्रदेश भर में एक लक्षित कार्यक्रम के तहत किया जा रहा है और पार्टी ने अपने कार्यकर्ताओं को निर्देश जारी किए हैं कि वे शांतिपूर्ण तरीके से सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठाएँ।
विधानसभा घेराव प्रयास और पुलिस की प्रतिक्रिया
पिछले सप्ताह भी प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उत्त्तर प्रदेश विधानसभा घेराव का प्रयास किया था। भारी संख्या में प्रदर्शनकारियों के विधानसभा की ओर मार्च करने पर पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक दिया था। इसके दौरान कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया या नजरबंद भी किया गया।
कांग्रेस का यह प्रदर्शन मुख्य रूप से मनरेगा, कानून व्यवस्था, धार्मिक स्वतंत्रता और शासन-प्रशासन के मुद्दों पर केंद्रित रहा है, जिस पर पार्टी ने प्रदेश भर में विरोध प्रदर्शन तेज कर रखा है।
क्या कांग्रेस का आंदोलन बढ़ेगा?
विश्लेषकों का मानना है कि यह प्रदर्शन केवल एक दिन का आयोजन नहीं है, बल्कि प्रदेश कांग्रेस इसे कई दिनों तक जारी रखने का संकेत दे चुकी है, खासकर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के समर्थन और सरकार के रवैये को लेकर।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने पहले ही ऐलान किया है कि वे पूरे प्रदेश में इस मुद्दे पर अपनी आवाज बुलंद करना जारी रखेंगे, और आगे भी विरोध प्रदर्शन आयोजित करेंगे।