Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
Suresh Gopi: केरल से बीजेपी सांसद सुरेश गोपी ने इंदिरा गांधी को ‘मदर ऑफ इंडिया’ और मार्क्सवादी नेता ईके नयनार को अपना ‘राजनीतिक गुरु’ बताया है. भाजपा नेता सुरेश गोपी ने के.करुणाकरण के बेटे और कांग्रेस नेता के. मुरलीधरन की उम्मीदों पर पानी फेरते हुए त्रिशूर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र से जीत दर्ज की है.
Suresh Gopi: केरल के त्रिशूर से बीजेपी सांसद और केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिया गांधी को ‘मदर ऑफ इंडिया’ और कांग्रेस नेता व केरल के मुख्यमंत्री रहे दिवंगत के. करूणाकर को ‘साहसी प्रशासक’ यानी केरल में कांग्रेस पार्टी का जनक बताया. वहीं मार्क्सवादी दिग्गज ईके नायनार को भी अपना राजनीतिक गुरू बताया है.
सुरेश गोपी पुन्कुन्नम में करूणाकरण के स्मारक मुरली मंदिरम गए थे. इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनके इस दौरे का कोई राजनीतिक अर्थ न निकाला जाए, क्योंकि वे अपने गुरू को श्रद्धांजलि देने आए हैं. गोपी केरल से भाजपा के पहले सांसद हैं. उन्होंने CPI के सुनील कुमार को 75 हजार वोटों से हराया है. साथ ही करूणाकरण के बेटे और कांग्रेस नेता के. मुरलीधरन जो इस चुनाव में तीसरे स्थान पर थे उन्हें भी सुरेश गोपी ने हरा दिया.
सुरेश गोपी नायनार के घर भी गए
बीजेपी सांसद ने कहा कि नायनार और उनकी पत्नी सारदा टीचर की तरह के. करूणाकरण और उनकी पत्नी कल्याणीकुट्टी अम्मा के साथ भी उनके करीबी रिश्ते हैं. बता दें कि सुरेश गोपी ने 12 जून को कन्नूर में ईके नायनार के घर का दौरा किया था और उनके परिवार के सदस्यों से भेंट की थी. गोपी ने अपनी अपने बयानों को स्पष्ट करते हुए कहा कि वे के. करूणाकरण को केरल में कांग्रेस का जनक बताकर वह इस दक्षिणी राज्य में पार्टी के संस्थापकों या सह-संस्थापकों का अनादर नहीं कर रहे.
हालांकि इस दौरान बीजेपी सांसद ने कांग्रेस के दिग्गज नेता की प्रशासनिक क्षमताओं की सराहना की और उन्हें अपनी पीढ़ी का साहसी प्रशासक करार दिया. उन्होंने आगे कहा ‘मैं 2019 में मुरली मंदिर जाना चाहता था लेकिन के. करूणाकरण की पद्मजा वेणुगोपाल ने राजनीतिक कारणों से उन्हें ऐसा करने से रोक दिया था. बता दें कि पद्मजा हाल ही में कांग्रेस पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल हुईं हैं.
दो बार चुनाव हार चुके थे सुरेश गोपी
साल 2019 में सुरेश गोपी त्रिशूर से लोकसभा चुनाव हार गए थे. उन्हें 2021 के विधानसभा चुनाव में भी हार का सामना करना पड़ा था. चुनाव में गोपी को पहली जीत 2024 लोकसभा चुनाव में मिली. उन्होंने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के उम्मीदवार सुनील कुमार को हराया. कांग्रेस के सीनियर नेता और सांसद मुरलीधरन इस सीट से तीसरे नंबर पर रहे.
You must be logged in to post a comment Login