Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
चंडीगढ़ प्रशासन ने पेट्रोल, डीजल, सीएनजी और एलपीजी गैस की जमाखोरी व कालाबाजारी रोकने के लिए बीएनएसएस (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता) की धारा 163 लागू कर दी है। जिला मजिस्ट्रेट निशांत कुमार यादव ने ये कदम शहर में कृत्रिम कमी पैदा करने की कोशिशों को विफल करने हेतु उठाया है।
आदेशों की मुख्य बातें
- घरेलू एलपीजी का गैर-घरेलू उपयोग, ओवरचार्जिंग और अतिरिक्त स्टॉकिंग पूरी तरह प्रतिबंधित।
- सभी ऑयल कंपनियों को प्रतिदिन स्टॉक व सप्लाई की जानकारी प्रशासन को देना अनिवार्य।
- अस्पतालों व आवश्यक सेवाओं को प्राथमिकता, साथ ही सेक्टर-17 में कंट्रोल रूम स्थापित।
अवधि व निगरानी
ये आदेश 16 अप्रैल 2026 तक प्रभावी रहेंगे। प्रशासन ने शहर में ईंधन की कोई कमी न होने की पुष्टि की है और नागरिकों से अफवाहों से बचने की अपील की है। उल्लंघन पर कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
पृष्ठभूमि व महत्व
धारा 163 कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आपातकालीन प्रतिबंध लगाने की अनुमति देती है, जैसा पहले अन्य जिलों में भी देखा गया। चंडीगढ़ में ईंधन सप्लाई पर सतत नजर रखी जा रही है ताकि उपभोक्ताओं को कोई असुविधा न हो।