मुंबई, 11 फरवरी 2026 — महाराष्ट्र के पूर्व उप मुख्यमंत्री Ajit Pawar की 28 जनवरी 2026 को हुई विमान दुर्घटना अब राजनीतिक और जांच की गंभीर बहस का विषय बन गई है। इस मामले में आज एनसीपी (शरद पवार गुट) के विधायक और उनके भतीजे Rohit Pawar ने सिर्फ एक दुर्घटना नहीं बल्कि “साज़िश” (conspiracy) की आशंका जताई है और कई सवाल उठाए हैं जिनसे मामला और गरमाया है।
रोहित पवार के आरोप और सवाल
रोहित पवार ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस में दावा किया कि:
- वे मानते हैं कि अजित पवार का विमान हादसा सिर्फ़ एक्सीडेंट नहीं, बल्कि गहरे षड़यंत्र का हिस्सा हो सकता है।
- उन्होंने पायलट और विमान कंपनी VSR Ventures के रिकॉर्ड, विमान के टेक-लॉग, मेंटेनेंस और सर्टिफिकेशन पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
- रोहित का कहना है कि ट्रांसपोंडर क्रैश से ठीक पहले बंद हो गया था और वॉर्निंग सिस्टम काम नहीं कर रहा था — ऐसे तकनीकी संकेत जो सिर्फ दुर्घटना सिद्धांत को कमज़ोर करते हैं।
- उन्होंने visibility (दृश्यता) और रनवे चयन के फैसले पर भी संदेह जताया है, और कहा कि नियमों के अनुसार ऐसे हालात में लैंडिंग नहीं होनी चाहिए थी।
उन्होंने बताया कि कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ एजेंसियों से जांच करवाई जाए ताकि किसी भी साजिश की संभावना को निष्पक्ष रूप से परखा जा सके।
पारिवारिक और राजनीतिक प्रतिक्रिया
हालांकि यह पहला मौका है जब पवार परिवार के किसी सदस्य ने इस हादसे पर साजिश की बात कही है, पहले परिवार के वरिष्ठ नेता Sharad Pawar ने इसे एक हादसा ही बताया था और साजिश की आशंका से इनकार किया था।
राजनीति में इस बयान ने हलचल बढ़ा दी है, और कई राजनीतिक जानकार मानते हैं कि यह मुद्दा अब राजनीतिक बहस का भी हिस्सा बन सकता है।
सरकार और जांच एजेंसियों की प्रतिक्रिया
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने कहा है कि चुनौती यह नहीं कि आरोप कौन लगाए बल्कि जांच सटीक तरीके से हो, और DGCA तथा सीआईडी द्वारा पहले से जारी जांच को पूरा किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुँचना चाहिए जब तक जांच रिपोर्ट सामने नहीं आती।
DGCA, AAIB और महाराष्ट्र CID की जांच जारी है और ब्लैक बॉक्स बरामद कर लिया गया है।