(दिनांक: 17 जनवरी 2026)
अमेरिका में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक के तेज़ी से बढ़ते उपयोग को देखते हुए United States Congress के कई सदस्यों ने AI चिप्स की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। कांग्रेस सदस्यों ने कहा कि अत्याधुनिक AI सेमीकंडक्टर चिप्स न केवल अमेरिका की तकनीकी बढ़त का आधार हैं, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से भी सीधे तौर पर जुड़े हुए हैं।
राष्ट्रीय सुरक्षा पर बढ़ती चिंता
कांग्रेस सदस्यों के अनुसार, AI चिप्स का इस्तेमाल सैन्य प्रणालियों, साइबर सुरक्षा, हेल्थकेयर, फाइनेंस और क्रिटिकल इंफ्रास्ट्रक्चर में हो रहा है। यदि इन चिप्स की तकनीक गलत हाथों में जाती है या इनकी सप्लाई चेन असुरक्षित रहती है, तो इससे अमेरिका की सुरक्षा को बड़ा खतरा हो सकता है।
निर्यात नियंत्रण और कड़े कानूनों की मांग
बयान में यह भी कहा गया कि अमेरिका को AI चिप्स के निर्यात पर और सख्त नियम लागू करने चाहिए, खासकर उन देशों के लिए जिन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील माना जाता है, जैसे China। सांसदों ने सुझाव दिया कि चिप निर्माण से लेकर उनके एक्सपोर्ट तक हर स्तर पर निगरानी बढ़ाई जाए।
टेक कंपनियों की जिम्मेदारी
कांग्रेस सदस्यों ने NVIDIA जैसी प्रमुख सेमीकंडक्टर कंपनियों से भी अपील की कि वे अपनी AI चिप तकनीक की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। साथ ही, सरकार और निजी कंपनियों के बीच बेहतर तालमेल की जरूरत बताई गई ताकि किसी भी प्रकार के दुरुपयोग को रोका जा सके।
आगे की रणनीति
इस बयान के बाद संकेत मिल रहे हैं कि आने वाले समय में अमेरिका AI चिप सुरक्षा को लेकर नए कानून और नीतियां लागू कर सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम वैश्विक टेक्नोलॉजी बाजार और जियो-पॉलिटिकल समीकरणों पर भी असर डालेगा।