Connect with us

वाराणसी

गंगा दशहरा, गायत्री जयंती एवम् परमपूज्य गुरुदेव के निर्वाण दिवस पर विविध कार्यक्रम का हुआ आयोजन

Published

on

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

वाराणसी/संसद वाणी : रविवार को गंगा दशहरा, गायत्री जयंती एवम् परम पूज्य गुरुदेव पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य जी के निर्वाण दिवस पर विविध कार्यकम का आयोजन हुआ जिसके तहत युग सृजेता गायत्री शक्तिपीठ, दानुपुर, चांदमारी, वाराणसी में नौ कुंडीय गायत्री महायज्ञ, विविध संस्कार एवम् भंडारे का आयोजन जिला समन्वयक पण्डित गंगाधर उपाध्याय के संयोजन सम्पन्न हुआ। गायत्री तीर्थ शांतिकुंज हरिद्वार से आए बसंत कुमार गुप्ता, अम्ब्रीश सिंह एवम् देवांश भारद्वाज की टोली ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ नौ कुंडीय गायत्री महायज्ञ में अग्निहोत्र कराया। कार्यक्रम में 12 लोगों का दीक्षा संस्कार, 2 बच्चों का विद्यारंभ संस्कार एवम् 3 बच्चों का यज्ञोपीत संस्कार से संस्कारित कराया गया। पुष्पा रानी ने एक गर्भवती महिला का गर्भोत्सव संस्कार (पुंशवन संस्कार) से संस्कारित कराया। इसी कड़ी में प्रज्ञा मण्डल, चांदपुर में पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन बेचू लाल के संयोजन में संपन्न हुआ। आचार्य कृष्ण कुमार ने गायत्री विधि विधान से वैदिक मंत्रोचार के साथ अग्निहोत्र कराया। गायत्री शक्तिपीठ फूलपुर में भी पंचकुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन हुआ। श्री राजेश शास्त्री ने वैदिक मंत्रोचार के बीच पंचकुंडीय गायत्री महायज्ञ में आहुतियां प्रदान कराई। गायत्री योग पीठ कोइरीपुर, बड़ागांव में श्रीनाथ मौर्य के संयोजन में पंच कुंडीय गायत्री यज्ञ सम्पन्न हुआ।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला समन्वयक पण्डित गंगाधर उपाध्याय ने कहा कि माता गायत्री गंगा दशहरा के दिन ही मनुष्य में देवत्व एवम् मानव जाति में सद्ज्ञान हेतु धरती पर अवतरित हुईं। गायत्री महामंत्र के जप से मनुष्य के भीतर अप्रत्याशित परिवर्तन आता है। यज्ञ द्वारा वातावरण परिष्कार के साथ गंभीर से गंभीर रोगों का शमन किया जा सकता है। सद्ज्ञान गायत्री माता के रुप में एवम् सद्कर्म यज्ञ के रुप में हमारे लिए उपलब्ध है। आगे कहा कि परम पूज्य गुरुदेव का गंगा दशहरा के दिन 2 जून 1990 को महा निर्वाण हुआ था इसलिए यह दिन गायत्री साधकों के लिए शोक का भी दिन है।


अंत में परम पूज्य गुरुदेव, माता भगवती देवी एवम् मां गायत्री का भव्य आरती उतारी गई और भंडारे का आयोजन हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य रुप से रमेश सिंह, आर एन यादव, बलराम उपाध्याय, नगीना कुमार, रामधनी पटेल, छोटे लाल, हरिशंकर मौर्या, ओम कुमार, बसंत वर्मा अनिल पाण्डेय रामाश्रय अग्रहरी, भूपेश ठाकुर, पीयूष पाण्डेय, श्रीमती अजय लक्ष्मी सिंह, सावित्री सिंह, पुष्पा गुप्ता, शारदा यादव अरुणा गुप्ता, आशा पाण्डेय, रीता तिवारी, संगीता सिंह, सुमन उपाध्याय, श्रुति सिंह, गीता सिंह आदि ने अपनी सक्रिय भूमिका निभाई|

Copyright © 2026 Vashishtha Media House Pvt. Ltd.