Connect with us

राजनीति

क्या सच में EVM से कनैक्ट है NDA सांसद के रिश्तेदार का मोबाइल? क्या है वो मामला जिस पर महाराष्ट्र में मचा बवाल

Published

on

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

Maharashtra Politics: लोकसभा चुनाव के दौरान EVM पर सवाल खड़े होते रहे हैं. इस बीच महाराष्ट्र में इसे लेकर नया सियासी बवाल छा गया है. यहां एक NDA के कोटे से सांसद बने शिवसेना (एकनाथ शिंदे) नेता रवींद्र वायकर (Ravindra Waikar) के रिश्तेदार पर आरोप लगाया है कि उनका फोन EVM से जुड़ा था. मामले में पुलिस ने  वायकर के रिश्तेदार मंगेश पंडिलकर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. इससे अब महाराष्ट्र में सियासी बवाल छाया हुआ है.

Maharashtra Politics: लोकसभा चुनाव भले खत्म हो गए हों और सरकार का भी गठन हो गया है लेकिन सियासी बवाल कम होने का नाम नहीं ले रहा है. चुनावों के बाद भी चुनावों से जुड़े मामलों पर सियासत हो रही है और शिकायतें भी दर्ज हो रही हैं. NDA के कोटे से सांसद बने शिवसेना (एकनाथ शिंदे) नेता रवींद्र वायकर (Ravindra Waikar) के एक रिश्तेदार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है. आरोप है कि वो 4 जून को मतगणना केंद्र के अंदर फोन चला रहे थे. पुलिस ने बुधवार को मामले दर्ज किया है.

वनराई पुलिस ने बताया कि रवींद्र वायकर के रिश्तेदार मंगेश पंडिलकर पर मामला दर्ज किया गया है. वो गोरेगांव में 4 जून को नतीजों की घोषणा के समय मतगणना केंद्र के भीतर कथित रूप से बैठकर फोन चला रहे थे.बुधवार को उनके खिलाफ मामला दर्ज जांच की जा रही है.

लैब भेजा गया फोन

पुलिस ने मोबाइल फोन को जब्त कर फॉरेंसिक लैब भेजा है. पुलिस के अनुसार, यह घटना 4 जून को मुंबई उत्तर पश्चिम लोकसभा क्षेत्र के लिए वोटों की गिनती के दौरान का है.  मिड-डे की रिपोर्ट के अनुसार वनराई वरिष्ठ निरीक्षक रामप्यारे राजभर ने बताया कि हमने फोन लैब में भेजा है. ये जानने की कोशिश कर रहे हैं कि फोन कब और कैसे इस्तेमाल किया गया.

अगर इसका उपयोग हुआ तो क्यों हुआ है. मामले में उम्मीदवारों के बयान दर्ज करने के बाद मंगेश पंडिलकर और मतदान कर्मी दिनेश गुरव को नोटिस जारी किया गया है. अभी तो सभी लोग जांच में सहयोग कर रहे हैं. अगर नोटिस के बाद कोई थाने में नहीं आता है को उसके खिलाफ वारंट जारी कर उसे गिरफ्तार किया जाएगा.

क्या है मामला?

पुलिस CCTV कैमरों की जांच कर रही है. आरोप है कि आरोप है कि चुनाव अधिकारी गौरव के पास फोन था, जिससे मतगणना के दौरान ओटीपी आता है. इसी फोन का उपयोग सांसद के रिश्तेदार पांडिलकर कर रहे थे. अधिकारी ने कहा कि हम सीसीटीवी कैमरों की भी जांच कर रहे हैं कि मोबाइल फोन किसने दिया. हम ये भी जांच रहे हैं कि मामले में और कौन-कौन शामिल था. जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी.

Also Read

Copyright © 2026 Vashishtha Media House Pvt. Ltd.