Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
कोलकाता में ट्रेनी डॉक्टर के साथ रेप और हत्या मामले में बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लेफ्ट पार्टियों और भाजपा को घेरा. उन्होंने कहा कि बुधवार को आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में हुई तोड़फोड़ के लिए ‘बाम’ और ‘राम’ जिम्मेदार हैं. उन्होंने भाजपा की तुलना ‘राम’ से की और कहा कि प्रदर्शनकारी डॉक्टरों की कैंपस में हुई तोड़फोड़ में कोई भूमिका नहीं है.
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लोगों को आगाह किया और उनसे कहा कि वे आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल पर भीड़ के हमले के फर्जी वीडियो के झांसे में न आएं. उन्होंने कहा कि कई वीडियो जो वायरल हो रहे हैं, वे AI का यूज करके बनाए गए हैं. मुख्यमंत्री ने बुधवार को मेडिकल कॉलेज एंड अस्पताल में तोड़फोड़ के मामले में गुरुवार को कहा कि आधी रात को हुए भीड़ के हमले के लिए विपक्षी दल सीपीआई (एम) और भाजपा जिम्मेदार है. इस दौरान उन्होंने सीपीआई (एम) को बाम और भाजपा को राम करार दिया.
स्वतंत्रता दिवस की चाय पार्टी में भाग लेने के लिए राजभवन जाने के बाद ममता बनर्जी ने मीडिया से बातचीत में ये बातें कही. ममता बनर्जी ने ये भी स्पष्ट किया कि बुधवार रात अस्पताल पर हमला करने वाले प्रदर्शनकारी डॉक्टर नहीं थे,. उन्होंने कहा कि ये छात्रों (डॉक्टरों) की ओर से नहीं किया गया था. मैं उन्हें दोष नहीं देती. कुछ बाहरी लोग, राजनीतिक लोग हमारे राज्य बंगाल में अशांति पैदा करना चाहते हैं.
ममता बोलीं- बाम और राम ने हाथ मिलाया, ऐसा किया
बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि बाम और राम (वामपंथी और भाजपा ) ने ऐसा करने के लिए हाथ मिलाया है. वे विरोध प्रदर्शन से लाभ उठाने के लिए वहां गए थे. वे शांति नहीं चाहते हैं. आंदोलन में राष्ट्रीय ध्वज ले जाने वाले लोग भाजपा (पार्टी कार्यकर्ता) थे. इसके अलावा, डीवाईएफआई के झंडे भी देखे गए.
एआई के इस्तेमाल पर ममता बनर्जी ने कहा कि आजकल एआई से बहुत कुछ किया जा सकता है. किसी भी फोटो या वीडियो में कोई भी चेहरा रखा जा सकता है. ऑडियो तैयार किया जा सकता है. यहां भी यही हो रहा है. मैं बहुत सारे वीडियो देखती हूं. फर्जी वीडियो के जरिए झूठ को बढ़ावा देना एक धंधा बन गया है. पुलिस उन पर कड़ी नजर रखेगी.
ममता बनर्जी का आरोप, उपद्रवियों ने पुलिस पर भी किया हमला
ममता बनर्जी ने कहा कि उपद्रवियों ने पुलिस पर भी हमला किया गया. उन्होंने (पुलिस) ने कुछ नहीं किया. एक डीसी गंभीर रूप से घायल हो गया. उसका पूरा शरीर खून से लथपथ था. फिर भी, पुलिस ने धैर्य नहीं खोया और किसी को नहीं पीटा. उन्होंने कहा कि एक डीसीपी को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पूरे हंगामे के दौरान मुझे खबर मिलती रही, मैं सुबह 4 बजे तक जागती रही.
ममता बनर्जी ने आंदोलनकारी डॉक्टरों से काम पर लौटने का अनुरोध भी किया. उन्होंने कहा कि सभी मांगें मान ली गई हैं. ये जांच अब पुलिस के हाथ में नहीं है. बिना मदद के हम कुछ नहीं कर सकते. मैंने कई तरीकों से अनुरोध किया है. डॉक्टर सेवाएं देने के लिए प्रतिबद्ध हैं. कुछ जूनियर डॉक्टर और सीनियर डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं. मैं उनका धन्यवाद करती हूं.
You must be logged in to post a comment Login